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07-07-17

युवाओं के विकास के बिना देश का विकास संभव नहीं- मुख्यमंत्री


पटना, 15 जुलाई 2017:- मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार ने आज ज्ञान भवनसम्राट अशोक कन्वेंशन सेन्टरपटना में विश्व युवा कौशल दिवस के अवसर पर बिहार कौशल विकास मिशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलित कर उद्घाटन किया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस मनाया जाता है। पिछले वर्ष से इस दिन विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक साल के क्रम में युवा कौशल विकास के क्षेत्र में हम मुस्तैदी से आगे बढ़े हैंइसके लिये मैं श्रम संसाधन विभाग के मंत्रीअधिकारी एवं कर्मियों के साथ-साथ कार्यक्रम से जुडे़ सभी लोगों को बधाई देता हूँ। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के साथ सात निश्चय योजना का एलान किया गया था। सात निश्चय अन्तर्गत पहला तथा एक अन्य निश्चय का सीधा सम्पर्क युवाओं से है। उन्होंने कहा कि सात निश्चय का पहला निश्चय है आर्थिक हलयुवाओं को बल। इस निश्चय योजना के पांच अवयव हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं को उच्च शिक्षा के लिये स्टुडेंट क्रेडिट कार्ड की योजना की शुरूआत की गयी है। उन्होंने कहा कि बिहार का उच्च शिक्षा के क्षेत्र में ग्रोस इनरोलमेंट  रेश्यो 13 प्रतिशत हैहमें इसे बढ़ाना है। युवा गरीबी के कारण बारहवीं से आगे नहीं पढ़ पाते हैं। बारहवीं से आगे पढ़ने वाले इच्छुक युवाओं को चार लाख रूपये तक का स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके लिये बैंक से समझौता किया गया है। स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के अन्दर दी जा रही ऋण के मूलधन के साथ सूद की भी गारंटी राज्य सरकार देगी। उन्होंने कहा कि युवा निश्चिंत होकर ऋण प्राप्त कर अपनी आगे की पढ़ाई कर सकते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना का दूसरा अवयव है स्वयं सहायता भत्ता का। उन्होंने कहा कि जो युवा आगे नहीं पढ़ना चाहते हैं और रोजगार की तलाश कर रहे हैंउन्हें रोजगार तलाशने के लिये कई जगह जाना पड़ता है। इसके लिये उन्हें ठहरने तथा खाने-पीने का खर्च चाहिये। गरीबी के कारण माता-पिता हर बार सहयोग नहीं कर पाते हैं। रोजगार तलाश रहे 20 से 25 साल के युवाओं को मदद के लिये दो साल तक हर माह एक हजार रूपये स्वयं सहायता भत्ता के रूप में दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि रोजगार पाने के लिये हुनर होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि बिहार के युवाओं के मन में अंग्रेजी के प्रति झिझक होती है। अंग्रेजी नहीं बोल पाने के कारण उन्हें राज्य से बाहर बहुत अवसर से वंचित होना पड़ता है। उन्होंने कहा कि आज के युग में कम्प्यूटर का ज्ञान बुनियादी ज्ञान है साथ ही युवाओं में व्यवहार कुशलता की भी जरूरत है। उन्होंने कहा कि इन सभी चीजों को देखते हुये कुशल युवा कार्यक्रम की शुरूआत की गयी। इस कार्यक्रम के तहत युवाओं को कम्प्यूटर ज्ञान के साथ-साथ संवाद कौशल और व्यवहार कौशल का भी प्रशिक्षण दिया जाता है। उन्होंने कहा कि युवा कौशल कार्यक्रम के तहत युवाओं को 240 घंटों का प्रशिक्षण दिया जाता है। इसके लिये हर प्रखण्ड में कौशल विकास केन्द्र की स्थापना की गयी है तथा प्रशिक्षण देने के लिये ट्रेनरों का चयन किया गया है। उन्होंने कहा कि निश्चय यात्रा के क्रम में जो काम शुरू किये हैंउनका निरीक्षण किया। निश्चय यात्रा के क्रम में कौशल विकास केन्द्र का भी निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि जिस दिन कौशल विकास योजना की शुरूआत की गयी थीउसी दिन एक केन्द्र को भी देखने का अवसर मिला। हमने वहाँ सबके साथ इनट्रेक्शन किया। बातचीत के क्रम में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवाओं ने बताया कि बहुत अच्छा तरीका है यहाँ सिखाने का। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिसम्बर 2016 में कार्यक्रम जब शुरू हुआ थातब 48 केन्द्र थेजिसमें 1978 युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे थे। जुलाई 2017 में 1 लाख 13 हजार युवा प्रशिक्षण के लिये नामांकित हैं। 82 हजार युवाओं ने प्रशिक्षण प्राप्त कर लिया है। उन्होंने कहा कि सबसे बड़ी जरूरत है कि इन कार्यक्रमों/कार्यों का युवाओं के बीच प्रचार हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी जिलों में जिला निबंधन एवं परामर्श केन्द्र की स्थापना की गयी है। हमने घोषणा किया था कि राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी के जन्मदिन के दिन इन केन्द्रों की शुरूआत करेंगे। 2 अक्टूबर 2016 तक केन्द्र बनकर तैयार हो गया था। उन्होंने कहा कि हमने कई डी0आर0सी0सीका निरीक्षण किया है। यह केन्द्र बहुत अच्छी तरह से चल रहे हैं। सभी चीजों के लिये एक ही स्थान पर व्यवस्था की गयी है। उन्होंने कहा कि जिला निबंधन एवं परामर्श केन्द्र पर युवाओं को स्टुडेंट क्रेडिट कार्ड के बारे में विस्तृत रूप से बताया जा रहा हैउनकी काउंसलिंग की जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के अन्य दो अवयव पर भी काम हो रहा है। मुफ्त वाई-फाई योजना पर काम हो रहा है। बहुत जगहों पर काम हो गया हैबचे हुये सरकारी महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में काम हो रहा है। उन्होंने कहा कि उद्यमी युवाओं के लिये वेंचर कैपिटल फंड की स्थापना की गयी है ताकि उद्यमी युवाओं को अपना उद्योग स्थापित करने में सहायता दी जा सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में शैक्षणिक संस्थानों की कमी थी। इसे देखते हुये शैक्षणिक संस्थानों को खोलने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होने कहा कि 2005 में सरकार बनने के बाद सबसे पहले यहाँ बी0आई0टीमेसरा की शाखा बनी। बी0आई0टीमेसरा में अक्टूबर 2006 से ही पहले बैच की शुरूआत हो गयी थी। पटना में आई0आई0टी बना इसके लिये कितना परिश्रम किया गया था। उस वक्त सभी ने कहा था कि इससे ज्यादा इंतजाम कहीं नहीं है। उन्होंने कहा कि संस्थान को खोलने के लिये बिहार में बहुत काम हुआ है। बिहार में चाणक्य विधि विश्वविद्यालयचन्द्रगुप्त प्रबंधन संस्थाननिफ्ट आदि खोले गये हैं। उन्होंने कहा कि निफ्ट में सारा पैसा राज्य सरकार का लगा हैकेन्द्र सरकार सिर्फ इसे चलाती है। इसके अलावा आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय खोला गया। सभी जिलों में इंजीनियरिंग कॉलेजसभी अनुमंडलों में आई0टी0आई0, 0एन0एमस्कूलसभी जिलों में महिला आई0टी0आई0, पारा मेडिकल कॉलेजजी0एन0एमकॉलेजनये मेडिकल कॉलेजसभी मेडिकल कॉलेज में नर्सिंग कॉलेज की स्थापना की जा रही है। उन्होंने कहा कि अब इंजीनियरिंग पढ़ने के लिये छात्रों को जिले के बाहर जाने की जरूरत नहीं होगी। उन्होंने कहा कि जब मैं केन्द्र सरकार में मंत्री थामैं हर जगह जाता थामुझे वहाँ बिहार के छात्र मिलते थे। अब बिहार में शैक्षणिक संस्थानों के खुलने के बाद शिक्षा के लिये लोग बाहर जाने के लिये मजबूर नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि युवाओं के विकास के लिये सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। मुझे आज खुशी है कि विश्व स्तर पर कुशल युवा दिवस मनाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे देश में युवाओं की आबादी सबसे ज्यादा है और देश के अंदर बिहार में सर्वाधिक युवाओं की आबादी है। उन्होंने कहा कि देश का विकास तभी संभव हैजब हमारे युवाओं का विकास होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि गरीबी का दंश झेलने के कारण छात्र-छात्रायें आगे नहीं पढ़ पाते हैं। बालिकाओं को उदाहरण देते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले गरीबी के कारण माँ-बाप अपने बच्चियों को पाँचवी कक्षा से आगे नहीं पढ़ा पाते थे। इसे देखते हुये मध्य विद्यालयों के लिये बालिका पोशाक योजना की शुरूआत की गयी। नतीजा यह हुआ कि साल भर के अन्दर मध्य विद्यालयों में पढ़ रही लड़कियों की संख्या में इजाफा हुआ। उसी तरह दसवीं तक की पढ़ाई करने के प्रति आकर्षित करने के लिये बालिका साइकिल योजना की शुरूआत की गयी। पहले पटना में भी लड़कियां साइकिल चलाते हुये नहीं दिखती थीं। साइकिल योजना की शुरूआत के बाद घर-घर से लड़कियां साइकिल चलाकर स्कूल जाने लगीं। लोगों की सोच बदल गयी। आज लोग अपनी बच्चिओं को साइकिल चलाकर स्कूल जाते हुये देख गौरवान्वित होते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में स्टेप बाय स्टेप काम किया गया है। राज्य एवं केन्द्र सरकार द्वारा चलाई जा रही अन्य योजनाओं को मिलाकर हम युवाओं को कुशल बनाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि चारों तरफ काम की संभावनाये हैंबस उसे पहचानने की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे युवा मेहनती और मेधावी हैं। देश में कोई भी परीक्षा होसबसे ज्यादा संख्या में बिहार के युवा पास होते हैंकई राज्यों का तो बिहार के लोगों के बिना काम नहीं चलेगा। हमारा यही लक्ष्य है कि हम देश के विकास में ज्यादा से ज्यादा योगदान करें।

इस अवसर पर मंत्री श्रम संसाधन श्री विजय प्रकाशमंत्री योजना एवं विकास श्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंहमंत्री नगर विकास एवं आवास श्री महेश्वर हजारीमंत्री उद्योग श्री जयकुमार सिंहमंत्री समाज कल्याण श्रीमती कुमारी मंजू वर्मा ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मॉडल सेन्टर गाइडलाइन के पुस्तिका का विमोचन कियाकुशल युवा कार्यक्रम के लर्नर्स एप का शुभारंभ कियाकुशल युवा कार्यक्रम के मोनिटरिंग एप/डैशबोर्ड का शुभारंभ किया तथा बी0एस0डी0एमब्लैक बॉक्स वेब का लोकार्पण किया। इस अवसर पर श्रम संसाधन विभाग द्वारा टर्निंग प्वाइंट का डी0वी0डीसभी अतिथियो को भेंट किया गया।

 आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कुशल युवा कार्यक्रम के बेहतर क्रियान्वयन के लिये लखीसरायबक्सरकटिहारबेगूसरायमधुबनीसमस्तीपुर जिला के जिलाधिकरियों को  पुरस्कृत कियासाथ ही कुशल युवा कार्यक्रम में अनूठी पहल के लिये जिलाधिकारी मधेपुरा को पुरस्कृत किया। मुख्यमंत्री ने औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानो के सर्वोत्तम प्राचार्य/उप प्राचार्य तथा छात्रों को पुरस्कृत किया। इसके अलावा कुशल युवा कार्यक्रम के दस सर्वोत्तम प्रशिक्षण केन्द्रों को भी पुरस्कृत किया। कौशल युवा कार्यक्रम में अच्छा प्रदर्शन करने के लिये छात्रों को मुख्यमंत्री द्वारा लैपटॉप पुरस्कार स्वरूप दिया गया। कार्यक्रम के शुरूआत में मुख्यमंत्री ने विश्व कुशल युवा दिवस के अवसर पर लगायी गयी प्रदर्शनी का अवलोकन किया।

इस अवसर पर श्रम संसाधन विभाग द्वारा मुख्यमंत्री सहित सभी अतिथियों को आंवला का पौधा एवं प्रतीक चिह्न भेंट किया गया।

इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री अंजनी कुमार सिंहविकास आयुक्त श्री शीशीर सिन्हाप्रधान सचिव श्रम संसाधन श्री दीपक कुमार सिंहमुख्यमंत्री के सचिव श्री अतीश चन्द्राविभिन्न विभागों के प्रधान सचिव/सचिवएम0के0सी0एलके श्री विवेक सावंत सहित अन्य वरीय अधिकारी एवं गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।